नौकरी क्या होती हैं और इसकी परिभाषा

क्या आपको पता है नौकरी क्या हैं, नौकरी की परिभाषा क्या हैं, नौकरी का इतिहास, नौकरी का अर्थ, नौकरी की खोज किसने की, नौकरी की शुरुआत कैसे हुई, नौकरी शब्द कहा से आया आदि सभी के बारे में. यदि आप नौकरी से संबंधित यह सभी बातें नहीं जानते तो इस article को अच्छी तरह से पढ़े.

नौकरी करने से आप पैसे तो कमाते ही हैं और साथ ही उस पैसे से अपने परिवार की देखभाल भी ठीक से कर पाते हैं. किसी भी प्रकार का रोजगार करना बहुत जरूरी है क्योंकि यह हमारे देश के आर्थिक विकास के लिए अवश्यक है.

और वहीं जिसके पास कोई नौकरी या रोजगार नहीं है उसे हम बेरोजगार कहते हैं और ऐसी परिस्थिति को बेरोजगारी कहा जाता है.

आज देश – विदेश के कई हिस्सों में बेरोजगारी का मातम छाया हुआ है और ऐसे में किसी व्यक्ति के पास नौकरी या रोजगार होना बहुत ही अच्छी बात है.

चलिए अब जानते हैं नौकरी किसे कहते हैं और इसकी परिभाषा  क्या होता हैं और साथ ही नौकरी से जुड़े कुछ और बातों के बारे में जानकारियां, जो आपको कभी भी काम आ सकती है.

नौकरी का अर्थ क्या होता हैं? – Meaning of Naukari in Hindi

क्या आप जानते हैं नौकरी का अर्थ क्या होता हैं? यदि नहीं, तो आपको बता दें कि नौकरी का अर्थ होता है ” वेतन या सैलरी के रूप में की जाने वाली सेवा”.

किसी भी प्रकार की नौकरी हो जैसे प्राइवेट या सरकारी, उसमें आप किसी न किसी रूप में एक वेतन पर काम करते हैं और अपनी सेवाएं अक्सर उसे देते हैं जो आपकों आमतौर पर वेतन प्रदान करता है.

नौकरी शब्द कहा से आया – नौकरी शब्द की उत्पत्ति

एक ऑनलाइन etymology डिक्शनरी के मुताबिक ” नौकरी” यानी जॉब्स सन् 1620 में ब्रिटेन के इंग्लिश भाषा में उभरा हुआ था, जिसका मतलब होता है ” कुछ किया जाना है”.

नौकरी को इंग्लिश में क्या कहते हैं? 

वैसे तो नौकरी शब्द का बहुत से अन्य रूप है जैसे कि रोजगार, व्यवसाय, पेशा, काम, इत्यादि लेकिन इसे इंग्लिश में ” Job” कहा जाता है.

नौकरी से संबंधित मतलब वाले इंग्लिश शब्द :

Employ

Office

Public employment

Employment

Service

Berth

Post

Appointment

Opening

Situation

नौकरी की खोज किसने की?

नौकरी की खोज समाज की जरूरतों को पूरा करने के रूप में शुरू हुई है बाद में चल कर लोग किसी काम को करने के लिए पैसे लेने लगे.

पुराने समय में लोगों के पास कोई मकसद नहीं था वे अपनी जीवन शैली किसी तरह काट रहे थे लेकिन जैसे – जैसे समय बीतते गया लोग अपने रहने, खाने और जीने के लिए भागमभाग करने लगे.

जो थोड़ा बहुत समझदार थे, वे लोग बहुत सी चीजों पर कब्जा कर लिया और दूसरे के पास रहने और खाने के लिए कोई उपाय ही नहीं रहने दिया इसलिए उन्हें अब नौकरी करनी पड़ती थी ताकि वो अपने लिए खाना, घर और जीने के लिए जरूरी चीजें का भुगतान कर सकें.

नौकरी क्या हैं और इसकी परिभाषा – What is Naukari in Hindi

नौकरी क्या हैं

समाज में होने वाले नौकरी, व्यवसाय, पेशा, रोजगार या काम में मुख्य रूप से एक वेक्ति की भूमिका होती हैं. जीवन जीने के लिए

आप एक वेतन पर किसी न किसी रूप में नौकरी करते हैं.

नौकरी केवल वेतन पर काम करने का नाम है बल्कि इसे अनेकों अन्य रूप में भी देखा जा सकता है जैसे कि एक वेक्ति के पास अनेकों नौकरी या जॉब्स हो सकती हैं.

कभी इंसान एक पैरेंट्स होता, कभी घरवाली या घर का काम करने वाले, तो कभी एंप्लॉयी के रूप में काम करता है. इसलिए नौकरी शब्द का इस्तेमाल हम अनेकों रूप से कर सकते हैं.

किसी भी नौकरी की सीमा पहले से ही तय रहती हैं या जब चाहे उसे रोक दिया का सकता है क्योंकि नौकरी देने वाले मालिक के पास ही यह राइट होती हैं कि वे आपसे काम करवाना चाहता है कि नहीं.

नौकरी एक प्रकार से कैरियर का सबसेट है क्योंकि जब आप एक अच्छा कैरियर सोचते तब आप एक अच्छा नौकरी सोचते हैं. अच्छा कैरियर का मतलब है अच्छी नौकरी और पैसे दोनों का होना.

नौकरी कितने प्रकार के होते हैं? – Types of Jobs in Hindi

नौकरी को अलग – अलग रूप के अनुसार कई भागों में विभाजित किया जा सकता है. और इसलिए यहां आपकों इसके कई रूपों के बारे में जानकारी दी गई हैं.

संगठन और कंपनी के अनुसार नौकरी के प्रकार :

1. सरकारी नौकरी 

सरकारी नौकरी से हमारा तात्पर्य यह है कि ऐसा नौकरी जिसका मालिक किसी भी देश या क्षेत्र का सरकार होता है. सरकारी नौकरी में आपकों एक वेतन पर अनेक कार्यों के लिए अनेक रूपों में प्रवेश किया जाता है.

आज की समय में सरकारी नौकरी का ही बोलबाला है और ऐसे में यदि आपके पास कोई सरकारी नौकरी हैं, तो आप बहुत खुश किस्मत हैं क्योंकि दिन प्रतिदिन उम्मीदवारों की संख्या बढ़ती जा रही हैं जिसके कारण सरकारी नौकरी पाना अब सपने जैसा हो चुका है.

2. प्राइवेट नौकरी 

प्राइवेट नौकरी वह होता है जिसका तात्पर्य किसी निजी कंपनियों, इंस्टीट्यूट या इंसान से होता है. यहां पर भी एक वेतन पर आप काम करते हैं लेकिन यह नौकरी उतनी secure नहीं है जितनी कि सरकारी नौकरी होती है.

कहने का मतलब यह है कि इस नौकरी में आप एक ही में अपना वेतन बहुत अच्छा भी कर सकते हैं और कंपनी या इंस्टीट्यूट से बाहर भी हो सकते हैं.

काम करने के अनुसार नौकरी के प्रकार :

1. कुछ घंटे 

इस प्रकार की नौकरी कुछ कि घंटे की होती हैं जिसमे आपकों आपके काम के अनुसार पैसे दिए जाते हैं.

2. पार्ट टाइम के लिए 

इस प्रकार की नौकरी में आप कुछ week या months के लिए काम करते हैं और अपने काम के अनुसार पैसे उठाते हैं.

3. फूल टाइम के लिए 

फूल टाइम नौकर का मतलब है कि आपको कुछ लंबे समय के लिए नौकरी पर रखा गया है जिसमें आप पूरे नौकरी के करने के समय में काम करते हैं.

अनुभव के अनुसार नौकरी के प्रकार :

1. Entry Level

यहां पर आप freshers या नए एम्पलॉय के रूप में काम करते हैं. ऐसे में आपकी काम करने की अनुभव नई होती हैं इसलिए आपकी महीने की वेतन भी उसी प्रकार होती हैं.

2. Intern

इस प्रकार की नौकरी में आप कुछ वक्त के लिए किसी कंपनी या इंस्टीट्यूट में Intern के रूप में काम करने जाते हैं क्योंकि आपकों अभी सीखना है इसलिए यहां पर आपकों पैसे मिल भी सकते हैं और नहीं भी.

3. Experience

इसमें उन्ही लोगो को नौकरी मिलता है जो पहले से कहीं काम किया हो या जिन्हें काम करने का experience होता है. काम का अनुभव पहले से होने के कारण ऐसे व्यक्ति को अच्छा पैसा और सक्सेस भी मिलता है.

Side Hustle क्या हैं? 

कुछ लोग अपने स्किल्स के अनुसार अलग से समय बचा कर काम करते हैं जिसे हम साइड जॉब्स कहते हैं. और उसी का नाम side hustle है.

यदि आप अपने नौकरी के साथ – साथ कोई अधिक पैसे के लिए कोई अन्य काम भी कर रहे हैं तो आप एक प्रकार का side hustle कर रहे हैं. इस प्रकार के काम में ज़्यादातर लोग internet की मदद से ऑनलाइन पैसे कमाते या साइड hustle का काम करते हैं.

नौकरी का इतिहास – History of Job in Hindi 

हम जानते हैं कि मानव जाति बहुत लंबे समय से पृथ्वी पर बसा हुआ है और अपने जीने के लिए कोई न कोई काम शुरू से करते आ रहा है.

पहले मानव आदिवासी के रूप में रहते थे जहां वे भोजन के लिए जंगल के पेड़ पशुओं को अपना शिकार बनाते थे और जैसे ही मानव सामजिक हुआ तब राजा हुआ करते थे और वहां वे लोग काम करने लगे.

नौकरी करने के तरीकों में बहुत से बदलाव हुए और इसका कारण है नई तकनीकी और मानव जाति का सोच. आज के समय में नौकरी पहले जमाने के मुताबिक बहुत बदल चुका है.

बहुत से लोग बेरोजगारी की समस्या से जूझ रहे हैं तो बहुत से लोग अच्छे पैसे कमा रहे हैं और अपने और परिवार की देखभाल बहुत अच्छे से कर रहे हैं.

हम आशा करते हैं कि सभी को कोई न कोई रोजगार मिल जाए ताकि वे अपने जीवन को बेहतर बनाने के लिए आगे बढ़ सके.

नौकरी की शुरुआत कैसे हुई? 

यदि आप नौकरी की शुरुआत कैसे हुई के बारे में देखें तो पता चलता है कि यह तब से है जब से मानव जाति की शुरुआत हुई.

अंग्रेजी शासन में भी अंग्रेज लोगों को काम पर रखते थे और उन्हें कुछ मजदूरी दिया करते थे.

हम जानते हैं कि मानव के जन्म के समय से ही ये पेड़ – पौधे है और ऐसे में मानव को जीवित रहने के लिए भोजन की जरूरत होती हैं.

जब मानव सामाजिक हुआ तो उसके फ़ैमिली भी बढ़ने लगीं और फ़ैमिली मेम्बर की जरूरतों को पूर्ति करने के लिए मानव को कमाना अब अवश्यक हो गया.

पहले से समय राजा हुआ करते थे जहां लोग काम करते थे, अमीरों के यहां काम करते थे और उसके बाद अंग्रेजी लोग अपने राज्यों को बढ़ने के लिए नौकरों को रखा करते थे.

इस प्रकार आप कह सकते हैं कि जब से इंसान के पेट बना है तब से मानव अपने पेट को भरने के लिए कोई न कोई काम करते आ रहा है जिसे आप एक प्रकार से नौकरी का नाम दे सकते हैं.

निष्कर्ष,

इस पोस्ट के माध्यम से आपने जाना कि नौकरी क्या हैं और इसकी परिभाषा के साथ – साथ यह कितने प्रकार का होता है और कैसे शुरू और कब से हुई हैं.

हम आशा करते हैं कि हमारी यह पोस्ट आपकों अच्छा लगा होगा और कुछ नया जानने को मिला होगा. यदि आपके मन में कोई सवाल है तो आप हमसे नीचे कमेंट कर पूछ सकते हैं.

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